Uttarakhand Lockdown: 350 किमी. पैदल ग्वालदम पहुंचे दो युवक, पुलिस ने पकड़ा, भोजन कराया, किया क्वारंटीन
उत्तराखंड में 31 मार्च को वाहन चलने की सूचना के बाद देवाल ब्लॉक के दो युवक मुरादाबाद से करीब 350 किमी. जंगलों के रास्ते पैदल चलकर ग्वालदम पहुंचे। पुलिस ने जब उनसे पकड़ा तो उन्होंने अपनी व्यथा सुनाई। पुलिस ने पहले दोनों को भोजन कराया और जांच में स्वास्थ्य सामान्य होने पर दोनों को जीएमवीएन ग्वालदम में क्वारंटीन कर दिया।
 

थराली थानाध्यक्ष सुभाष जखमोला ने बताया कि बुधवार शाम को गढ़वाल और कुमाऊं की सीमा ग्वालदम में लॉकडाउन के दौरान चेकिंग की जा रही थी कि इसी दौरान दो युवक छिपकर जाते दिखाई दिए। इस पर दोनों युवकों सुरेश चंद्र (34) ग्राम लिंगड़ी पोस्ट बोरागाड तहसील देवाल, जिला चमोली, दयाल राम (32) ग्राम कोटेडा, पोस्ट बोरागाड तहसील देवाल को पकड़ लिया गया।



मुंबई में नौकरी करते हैं दोनों



पूछताछ में दोनों युवकों ने बताया कि वह मुंबई में नौकरी करते हैं। लॉकडाउन के दौरान 31 मार्च को उत्तराखंड में वाहनों की आवाजाही खोली गई तो वे दोनों मुंबई से मुरादाबाद तक वाहन से पहुंच गए, लेकिन जब 31 मार्च को उत्तराखंड आने पर रोक लगा दी तो वे दोनों मुरादाबाद से 26 मार्च को गांव के लिए पैदल ही निकल पड़े।

जंगलों के रास्ते करीब 350 किमी. पैदल चलकर ग्वालदम पहुंचे। इस दौरान होटल बंद होने के उन्हें भूखे-प्यासे रहना पड़ा कहीं मदद मिली तो भोजन मिला। कई रातें जंगलों में गुजारनी पड़ीं।

उन्होंने बताया कि सुबह से उन्होंने खाना भी नहीं खाया है। इस पर पुलिस ने दोनों को भोजन कराया। थानाध्यक्ष ने बताया कि युवकों का घर देवाल ब्लॉक के लिंगड़ी व कोटेटा गांव में हैं। फिलहाल उन्हें जीएमवीएन ग्वालदम के होम क्वारंटीन के लिए भेज दिया है।